महिलाएँ केवल सहभागी नहीं, परिवर्तन की अग्रदूत हैं : अनुप्रिया पटेल
इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि आज महिलाएँ जमीनी स्तर से लेकर उद्योग जगत की सर्वोच्च जिम्मेदारियाँ सफलतापूर्वक निभा रही हैं। वे विकास प्रक्रिया में केवल भागीदार ही नहीं, बल्कि परिवर्तन का नेतृत्व भी कर रही हैं।
उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा महिला सशक्तीकरण के लिए किए जा रहे विभिन्न प्रयासों की जानकारी देते हुए कहा कि मातृ स्वास्थ्य में सुधार तथा मातृ मृत्यु दर में कमी लाने के लिए भारत के प्रयासों को वैश्विक स्तर पर सराहना मिली है। उन्होंने 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' तथा 'पोषण अभियान' जैसी महत्वपूर्ण पहलों का उल्लेख किया।
उन्होंने बताया कि महिलाओं को गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर से बचाने के लिए केंद्र सरकार द्वारा एचपीवी वैक्सीन उपलब्ध कराई जा रही है। इसके साथ ही उन्होंने आयुष्मान भारत, जन औषधि केंद्र, लखपति दीदी तथा नमो ड्रोन जैसी योजनाओं की भी जानकारी दी।
कार्यक्रम की शुरुआत राज्यपाल द्वारा 'फॉर्च्यून इंडिया' पत्रिका के नवीनतम अंक के विमोचन से हुई। आरपी संजीव गोयनका समूह के उपाध्यक्ष शाश्वत गोयनका ने स्वागत भाषण दिया, जबकि 'फॉर्च्यून इंडिया' के प्रधान संपादक सौरव मजूमदार ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
उद्घाटन सत्र में नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के मुख्य कार्यकारी अधिकारी आशीष कुमार चौहान, रिलायंस फाउंडेशन की अध्यक्षा नीता अंबानी, पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी, एज़ेडबी एंड पार्टनर्स की सह-संस्थापक जिया मोदी, नीरजा बिड़ला सहित उद्योग, व्यापार और बैंकिंग क्षेत्र की अनेक प्रतिष्ठित एवं प्रभावशाली महिलाएँ उपस्थित थीं।