मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि भारतीय संस्कृति की संत परंपरा समाज को जोड़ने और एकसूत्र में बांधे रखने का कार्य करती है। इसी परंपरा को स्वामी सत्यमित्रानंद गिरी जी ने भारत माता मंदिर की स्थापना के माध्यम से आगे बढ़ाया। इसके साथ ही उन्होंने विश्वभर में फैली सनातन संस्कृति की धाराओं को एकत्रित करने का महत्वपूर्ण कार्य किया।
उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन मानव सेवा को समर्पित कर दिया। जहां कहीं भी आपदा या संकट आया, स्वामीजी स्वयं वहां पहुंचे और सभी भेदभावों को त्यागकर सेवा कार्य किया। इसी सेवा भावना के माध्यम से उन्होंने सनातन संस्कृति की पहचान को सशक्त किया। इस यात्रा में उन्होंने कई बार उच्च पदों का त्याग किया और अपने वैश्विक सेवा कार्य को आगे बढ़ाने में ही संतोष पाया। इसी कारण उन्हें विश्वभर में एक अद्भुत व्यक्तित्व के रूप में सम्मान प्राप्त हुआ, मुख्यमंत्री ने कहा।
No comments:
Post a Comment