Monday, 24 March 2025

करदाताओं से अभय योजना का लाभ लेने की अपील

 करदाताओं से अभय योजना का लाभ लेने की अपील

 

मुंबईदिनांक 23: जीएसटी कानून नया होने के कारण शुरुआती दौर में व्यापारियों और करदाताओं द्वारा जीएसटी कानून के अनुपालन और कर भुगतान में अनजाने में कुछ गलतियां हुई हैं। इन गलतियों के कारण ब्याज और जुर्माने का आर्थिक बोझ करदाताओं पर न पड़ेसाथ ही वस्तु एवं सेवा कर से संबंधित विवादों का आसानी से निपटारा हो सकेइसके लिए केंद्र और राज्य सरकार ने जीएसटी अभय योजना शुरू की है। पात्र करदाता इस योजना का 31 मार्च 2025 तक लाभ लेंऐसी अपील वस्तु एवं सेवा कर विभाग द्वारा की गई है।

 

इस योजना के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2017-18, 2018-19 और 2019-20 से संबंधित सीजीएसटी अधिनियम की धारा 73 के तहत जारी किए गए मांग आदेश लाभ के लिए पात्र हैं। इसके अतिरिक्तजिन मामलों में पहले धारा 74 के तहत मांग आदेश जारी किए गए थेलेकिन अपीलीय अधिकारीअपीलीय न्यायाधिकरण या न्यायालय के निर्देशानुसार उन्हें धारा 73 में परिवर्तित किया गया हैवे भी अभय योजना के अंतर्गत लाभ के लिए पात्र हैं। योजना की शर्तों के अनुसारकेवल मूल कर राशि का भुगतान करने पर उस पर लगने वाला ब्याज और जुर्माना माफ किया जाएगा। ब्याज और जुर्माने की माफी के साथ इन मामलों का निपटारा करने का अवसर करदाताओं को इस योजना के माध्यम से उपलब्ध कराया गया है।

 

इस अभय योजना का लाभ उठाने के लिए आवश्यक कर भुगतान की अंतिम तिथि 31 मार्च 2025 है। इसलिए पात्र करदाता तुरंत आवश्यक कर का भुगतान कर ब्याज और जुर्माने की माफी का लाभ लें और लंबित जीएसटी बकाया से मुक्त हों। यदि किसी स्पष्टीकरण या सहायता की आवश्यकता होतो अपने नोडल या क्षेत्रीय जीएसटी अधिकारी से संपर्क करेंऐसी अपील वस्तु एवं सेवा कर विभाग द्वारा की गई है।

 

करदात्यांनी अभय योजनेचा लाभ घेण्याचे आवाहन

 करदात्यांनी अभय योजनेचा लाभ घेण्याचे आवाहन

 

मुंबई दि. 23 : जीएसटी कायदा नवीन असल्यामुळे सुरुवातीच्या काळात व्यवासायिककरदात्यांकडून जीएसटी कायद्याचे अनुपालनकर भरणा करताना अनावधानाने चुका झाल्या आहेत. या चुकांमुळे व्याज आणि दंड याचा आर्थिक र्भुदंड करदात्याला लागू नयेतसेच वस्तू व सेवा कर विवादांचे निराकरण सुलभतेने होऊन विवादित प्रकरणांचा निपटारा करण्यासाठी केंद्र व राज्य सरकारने जीएसटी अभय योजना सुरु केली आहे. पात्र करदात्यांनी या योजनेचा 31 मार्च 2025 पर्यंत लाभ घ्यावाअसे आवाहन वस्तू व सेवा कर विभागाद्वारे करण्यात आले आहे.

 या योजनेत सन 2017-18, 2018-19 आणि 2019-20 या आर्थिक वर्षाशी संबंधित सीजीएसटी कायद्याच्या कलम 73 अंतर्गत जारी केलेले मागणी आदेश लाभासाठी पात्र आहेत. या व्यतिरिक्तज्या प्रकरणांमध्ये सुरुवातीला कलम  74 अंतर्गत मागणी आदेश जारी करण्यात आले होते. परंतु अपिल अधिकारीअपिलीय न्यायाधिकरण किंवा न्यायालयाच्या निर्देशानुसार हे मागणी आदेश कलम 73 मध्ये रुपांतरीत झाल्यास अशी प्रकरणे अभय योजने अंतर्गत लाभासाठी पात्र आहेत. योजनेच्या अटी आणि शर्तींच्या अधिन राहून केवळ मूळ रक्कम भरल्यास त्यावरील मुळ रक्कम भरल्यास त्यावरील व्याज व दंड  माफ होणार आहे. व्याज व दंड माफिसह अशी प्रकरणे बंद करण्याची संधी या योजनेद्वारे करदात्यांना उपलब्ध आहे.

 या अभय योजनेचा लाभ घेण्यासाठी आवश्यक देय कर भरण्याची अंतिम तारीख दि.31 मार्च 2025 आहे. त्यामुळे पात्र करदात्यांनी आवश्यक देय कराचा त्वरित भरणा करुन व्याज व दंड माफिचा लाभ घ्यावा आणि प्रलंबित जीएसटी थकबाकीतून मुक्त व्हावे. आवश्यक स्पष्टीकरण किंवा मदतीसाठी आपल्या नोडलक्षेत्रीय जीएसटी अधिकाऱ्याशी संपर्क साधावाअसे आवाहन वस्तू व सेवा कर विभागाद्वारे करण्यात आले आहे.

Sunday, 23 March 2025

बायकोचे, नवऱ्याच्या, बाबतीतले "सप्तसूर"...🧏‍♀️🤦‍♀️🙅‍♀️🙆‍♀️(सहज सुचलेले....) *सा रे ग म प ध नी सा*

 बायकोचे, नवऱ्याच्या, बाबतीतले "सप्तसूर"...🧏‍♀️🤦‍♀️🙅‍♀️🙆‍♀️(सहज सुचलेले....)


*सा रे ग म प ध नी सा*


*सा*-ध कळत नाही ह्या माणसाला.....

*रे*- देवा कधी सुधारणार हा माणूस...

*ग*-प्प बसा... मला अक्कल शिकवू नका....

*म*-लाच सर्व करावे लागते...

*प*-टपट आवरणे ह्याला कधी जमलंच नाही...

*ध*-ड एक काम करत नाही हा माणूस...

*नि*-दान मी एखाद काम करीन अस म्हणेल तर शपथ...

*सा*-री  काम बायकोवर टाकून हा  गाव उंडारायला मोकळा...

😃😃😃😃

राज्यपालांचे शहीद भगत सिंह, राजगुरु व सुखदेव यांना अभिवादन

 राज्यपालांचे शहीद भगत सिंहराजगुरु व सुखदेव यांना अभिवादन



 

मुंबईदि. 23:- शहीद दिनानिमित्त राज्यपाल सी. पी. राधाकृष्णन यांनी आज रविवारी (दि. 23) राजभवन येथे शहीद भगत सिंहराजगुरु व सुखदेव यांच्या प्रतिमांना पुष्पांजली वाहून अभिवादन केले. यावेळी राजभवनातील अधिकारीकर्मचारी व पोलीस अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित होते.

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Governor offers tribute to revolutionaries Bhagat Singh, Rajguru and Sukhdev

 

Mumbai 23 March 2025 : Maharashtra Governor C. P. Radhakrishnan offered floral tributes to the portraits of great revolutionaries Bhagat Singh, Rajguru and Sukhdev on the occasion of the Martyrs' Day at Raj Bhavan, Mumbai on Sunday, 23rd March 2025. officers of Raj Bhavan and State police were present on this occasion.

 

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राज्यपाल ने शहीद भगतसिंहराजगुरु और सुखदेव को श्रद्धांजलि अर्पित की

 

मुंबई, 23 मार्च 2025: महाराष्ट्र के राज्यपाल सी. पी. राधाकृष्णन ने रविवार को राजभवनमुंबई में शहीद दिवस के अवसर पर महान क्रांतिकारी भगत सिंहराजगुरु और सुखदेव के चित्रों पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर राजभवन के अधिकारी एवं राज्य पुलिस के अधिकारी उपस्थित थे।

 

त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड़े के पहले चरण के कार्यों की होगी शुरुआत; उत्तर प्रदेश की तर्ज पर कुंभ मेला प्राधिकरण कानून जल्द

 त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड़े के पहले चरण के कार्यों की होगी शुरुआत;

उत्तर प्रदेश की तर्ज पर कुंभ मेला प्राधिकरण कानून जल्द

 

                                                                   : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

 

सिंहस्थ कुंभ मेले की तैयारियों की समीक्षा बैठक संपन्न

 

नासिक, 23 : देश के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक त्र्यंबकेश्वर मंदिर परिसर के समग्र विकास के लिए ठोस प्रयास किए जाएंगे। सिंहस्थ कुंभ मेले के मद्देनजर त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र के धार्मिकसामाजिक और पर्यावरणीय विकास के लिए तैयार किए गए आराखड़े के पहले चरण के कार्यों को मंजूरी देकर शीघ्र प्रारंभ किया जाएगा। यह सभी कार्य उच्च गुणवत्ता और बेहतरीन मानकों के अनुसार होंगे। राज्य सरकार की ओर से इन विकास कार्यों के लिए आवश्यक निधी प्रदान की जाएगी। यह बात मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कही।

 

मुख्यमंत्री श्री फडणवीस शासकीय विश्रामगृह में आगामी सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 के दृष्टिगत त्र्यंबकेश्वर विकास के लिए तैयार किए गए आराखड़े की समीक्षा बैठक में बोल रहे थे। इस अवसर पर जलसंपदा मंत्री गिरीश महाजनशालेय शिक्षा मंत्री दादाजी भुसेविधायक देवयानी फरांडेसीमा हिरेडॉ. राहुल आहेरविभागीय आयुक्त डॉ. प्रवीण गेडामपुलिस महानिरीक्षक दत्तात्रय कराळेपुलिस आयुक्त संदीप कर्णिकजिलाधिकारी जलज शर्मामहानगरपालिका आयुक्त मनीषा खत्रीजिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी आशिमा मित्तलनासिक महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. माणिकराव गुरसळपुलिस अधीक्षक विक्रम देशमानेसार्वजनिक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

 

मुख्यमंत्री श्री फडणवीस ने कहा कि त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र की प्राकृतिक संरचना अत्यंत सुंदर है। इस क्षेत्र के विकास के लिए जिला प्रशासन द्वारा तैयार किए गए आराखड़े को सख्ती से लागू किया जाएगा। उच्चाधिकार समिति और मुख्यमंत्री की अध्यक्षता वाली समिति के माध्यम से इस आराखड़े को मंजूरी दी जाएगी। इसके तहत त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र में विभिन्न विकास कार्य किए जाएंगे।

 

सिंहस्थ कुंभ मेले की तैयारियों को मिलेगी गति

 

आगामी सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 को ध्यान में रखते हुए सभी कार्यों को समयबद्ध रूप से पूरा किया जाए। कुंभ मेले के दौरान नासिक और त्र्यंबकेश्वर में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को अधिकतम उपयोग में लाया जाए और इलेक्ट्रिक वाहनों को प्राथमिकता दी जाए। साथ हीस्थानीय नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न होइसका विशेष ध्यान रखा जाए। कचरा प्रबंधन और शौचालय व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाएऐसी महत्वपूर्ण निर्देश मुख्यमंत्री ने दिए।

 

प्रयागराज की तर्ज पर बनेगा कुंभ मेला प्राधिकरण

 

मुख्यमंत्री श्री फडणवीस ने कहा कि उत्तर प्रदेश की तर्ज पर जल्द ही कुंभ मेला प्राधिकरण कानून बनाया जाएगा। इससे कुंभ मेले से जुड़े कार्यों को कानूनी ढांचा प्राप्त होगा और भीड़ प्रबंधन को सुचारू रूप से किया जा सकेगा। आयोजन के दौरान विभिन्न सुविधाओं के उत्तम प्रबंधन के लिए यह आवश्यक है।

 

इसके अलावागोदावरी नदी के शुद्धिकरण के लिए मल-निस्सारण परियोजनाओं को शीघ्र प्रारंभ किया जाए और इसके लिए अत्याधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाए। साथ हीदीर्घकालिक परियोजनाओं पर भी जल्द से जल्द कार्यवाही शुरू करने के निर्देश मुख्यमंत्री ने दिए।

 

इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री शर्मा ने त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड़े का विस्तृत प्रस्तुतीकरण किया। उन्होंने बताया कि, श्री क्षेत्र त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड़ा 1100 करोड़ रुपये का हैजिसके अंतर्गत इस क्षेत्र के आध्यात्मिक और पर्यटन महत्व को ध्यान में रखते हुए विभिन्न विकास कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। इस बैठक में स्थानीय जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड्याच्या पहिल्या टप्प्यातील कामांना सुरुवात करावी; उत्तर प्रदेशच्या धर्तीवर कुंभमेळा प्राधिकरणाचा कायदा लवकरच

   त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड्याच्या पहिल्या टप्प्यातील कामांना सुरुवात करावी;

उत्तर प्रदेशच्या धर्तीवर कुंभमेळा प्राधिकरणाचा कायदा लवकरच

                                                                      : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

त्र्यंबकेश्वर सिंहस्थ कुंभमेळ्याच्या कामकाजाचा घेतला आढावा

 

नाशिकदि. 23 (जिमाका वृत्तसेवा) : देशातील बारा जोतिर्लिंगांपैकी एक असलेल्या त्र्यंबकेश्वर मंदिर परिसर विकासासाठी सर्वंकष प्रयत्न केले जातील. सिंहस्थ कुंभमेळ्याच्या अनुषंगाने त्र्यंबकेश्वर परिसराच्या धार्मिकसामाजिकपर्यावरणीय विकासासाठी तयार केलेल्या आराखड्याच्या पहिल्या टप्प्यातील कामांना मंजुरी घेऊन सुरूवात करावी. ही सर्व कामे ही गुणवत्तापूर्ण व दर्जेदार होतील याची दक्षता घ्यावी. राज्य शासनातर्फे या विकासकामांसाठी आवश्यक निधी देण्यात येईलअसे प्रतिपादन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस यांनी केले.

शासकीय विश्रामगृह येथे आगामी सिंहस्थ कुंभमेळा 2027 च्या अनुषंगाने त्र्यंबकेश्वर विकासासाठी तयार केलेल्या आराखड्याच्या अनुषंगाने आयोजित आढावा बैठकीत ते बोलत होते. यावेळी जलसंपदा (विदर्भतापी व कोकण पाटबंधारे विकास महामंडळ)आपत्ती व्यवस्थापन मंत्री गिरीश महाजनशालेय शिक्षण मंत्री दादाजी भुसेआमदार देवयानी फरांदेसीमा हिरेडॉ. राहुल आहेरविभागीय आयुक्त डॉ. प्रवीण गेडामपोलीस महानिरीक्षक दत्तात्रय कराळेपोलीस आयुक्त संदीप कर्णिकजिल्हाधिकारी जलज शर्मामहानगरपालिका आयुक्त मनीषा खत्रीजिल्हा परिषदेच्या मुख्य कार्यकारी अधिकारी आशिमा मित्तलनाशिक महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरणाचे मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. माणिकराव गुरसळपोलीस अधीक्षक विक्रम देशमानेसार्वजनिक बांधकाम विभागाचे मुख्य अभियंता आदी उपस्थित होते.

मुख्यमंत्री श्री. फडणवीस म्हणालेत्र्यंबकेश्वर परिसराची नैसर्गिक रचना सुंदर आहे. या परिसराच्या विकासासठी जिल्हा प्रशासनाने तयार केलेल्या आराखड्याची अंमलबजावणी करण्यात येईल. उच्चाधिकार समिती आणि मुख्यमंत्र्यांच्या अध्यक्षतेखालील समितीच्या माध्यमातून आराखड्याला मंजुरी देण्यात येईल. याअंतर्गत त्र्यंबकेश्वर परिसरात विविध विकासकामे केली जातील.

आगामी सिंहस्थ कुंभमेळा 2027 मध्ये होणार आहे. या पार्श्वभूमीवर कुंभमेळ्यातील कामे कालबद्धरितीने पूर्ण करावीत. कुंभमेळ्याच्या पार्श्वभूमीवर विकासकामे करताना नाशिक आणि त्र्यंबकेश्वर येथे अधिकाधिक सार्वजनिक वाहतूक व्यवस्थेचा उपयोग होईलविद्युत वाहने उपयोगात येतीलअसे नियोजन करावे. त्यासोबत स्थानिक नागरिकांना अधिक त्रास होणार नाही याची काळजी घ्यावी. घनकचरा व्यवस्थापन आणि स्वच्छतागृहाची उत्तम व्यवस्था करावीअशा सूचनाही श्री.फडणवीस यांनी दिल्या.

 

प्रयागराजच्या धर्तीवर कुंभमेळा प्राधिकरण

 

उत्तर प्रदेशच्या धर्तीवर कुंभमेळा प्राधिकरणाचा कायदा लवकरच करण्यात येईलअसे सांगत मुख्यमंत्री श्री. फडणवीस म्हणालेयामुळे कुंभामेळ्यासंबंधी कामांना कायदेशीर चौकट प्राप्त होईल आणि गर्दीचे योग्य व्यवस्थापन करता येईल. आयोजनादरम्यान विविध सुविधांचे उत्तम व्यवस्थापन होण्यासाठी हे गरजेचे आहे.

गोदावरी नदी शुद्धीकरणासाठी मलनिस्सारण प्रकल्पांची कामे तातडीने सुरू करावीत. त्यासाठी सर्वोत्तम तंत्रज्ञानाचा उपयोग करावा. तसेच दीर्घकालावधी लागणाऱ्या कामांना त्वरीत सुरुवात करावीअसेही निर्देश त्यांनी यावेळी दिले.

 जिल्हाधिकारी श्री. शर्मा यांनी त्र्यंबकेश्वर विकास आराखड्याची सादरीकरणाद्वारे सविस्तर माहिती दिली. श्री क्षेत्र त्र्यंबकेश्वर विकास आराखडा ११०० कोटी रुपयांचा असून त्या अंतर्गत या स्थानाचे अध्यात्मिक  व पर्यटनाच्यादृष्टीने महत्व लक्षात घेवून विकासकामे प्रस्तावित करण्यात आली असल्याची माहिती त्यांनी दिली. यावेळी लोकप्रतिनिधीविविध विभागांचे अधिकारी उपस्थित होते.

यंदाचा कुंभमेळा अध्यात्म आणि तंत्रज्ञानाचा सुरेख संगम असणार

 यंदाचा कुंभमेळा अध्यात्म आणि तंत्रज्ञानाचा सुरेख संगम असणार

देशाची सभ्यता ही एक वारसा आहे. कित्येक वर्षापासून ती चालत आली असल्याचे नमूद करून श्री. फडणवीस म्हणालेप्रयागराज येथे झालेल्या कुंभमेळ्याला  जातधर्मभेदभाव गळून पडला. ही आपली ताकद आहे. भारतीय मनाची आस्था हेच संस्कृती आणि सभ्यता टिकून राहण्याचे कारण आहे. युवा वर्गाने कुंभमेळ्याशी जोडून घेतले पाहिजे. कुंभमेळ्यात पर्यटनउद्यमशीलता याला वाव असल्याने त्यात युवांचा सहभाग यामध्ये घेतला जाईल. एकाचवेळी अध्यात्मिकता आणि तंत्रज्ञान यांचा संगम आपल्याला पहायला मिळेल.

 

युवा वर्गानेही प्रशासन आणि सरकारला सहकार्य होईल यासाठी पुढे आले पाहिजे. नाविन्यपूर्ण संकल्पनाउद्यमशीलता यांचा उपयोग कशाप्रकारे होतोहेप्रयागराज मध्ये दिसले. नाशिक येथील कुंभमेळ्यावेळी ते अधिक चांगल्या पद्धतीने उपयोगात आणता येईलअसे मुख्यमंत्री श्री. फडणवीस यांनी नमूद केले.

 

त्र्यंबकेश्वर आणि नाशिक येथील विकास कामावेळी आणि प्रत्यक्ष कुंभमेळ्यात ही युवाशक्ती निश्चितपणे महत्वाची भूमिका बजावेल असा विश्वास त्यांनी व्यक्त केला.

 

राज्यातील कायदा सुव्यस्था बिघडवणाऱ्यांची गय केली जाणार नाही, असे मुख्यमंत्र्यांनी स्पष्टपणे सांगितले.

यावेळी दीपक बिल्डर्सचे दीपक चंदे यांनी आपले विचार मांडले. या परिषदेसाठी महाराष्ट्रासह गोवामध्यप्रदेशगुजरातमधील सुमारे दोनशे प्रतिनिधी उपस्थित होते. 

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