Sunday, 16 November 2025

और पंजाब के राज्यपालों द्वारा आचार्य जवाहरलाल स्मृति मुद्रा और डाक टिकट का विमोचन मुंबई,

 और पंजाब के राज्यपालों द्वारा आचार्य जवाहरलाल

स्मृति मुद्रा और डाक टिकट का विमोचन

 मुंबई, 16 नवम्बर: जैन संत और स्वतंत्रता सेनानी आचार्य जवाहरलाल महाराज ने स्वतंत्रता पूर्व काल में जनजागृति का कार्य किया और स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनकी स्मृति में उनकी पुण्यतिथि पर स्मृति मुद्रा और डाक टिकट जारी किए गए हैंताकि भावी पीढ़ियों को उनके कार्यों के बारे में जानकारी मिल सकेऐसा महाराष्ट्र और गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने आज कहा।

आचार्य जवाहरलाल की 150वीं जयंती के अवसर पर डाक टिकट और स्मृति मुद्रा का विमोचन रविवार (16 नवम्बर) को राजभवनमुंबई में महाराष्ट्र के राज्यपाल आचार्य देवव्रत और पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया की प्रमुख उपस्थिति में किया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन जसकरण बोथरा फाउंडेशन द्वारा किया गया।

राज्यपालों ने बताया कि भगवान महावीर और अन्य जैन संतों ने त्यागतपस्या और परोपकार के माध्यम से समाज के लिए प्रेरणादायक कार्य किए। उन्होंने सत्यअहिंसाअस्तेय और अपरिग्रह जैसे सिद्धांत मानवता को दिए। राज्यपालों ने कहाजो धर्म समय की कसौटी पर खरा उतरता है वही सच्चा धर्म हैऔर जो टिकता नहीं वह अधर्म है।

पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि आचार्य जवाहरलाल ने देश पराधीनता में रहते हुए दस हज़ार से अधिक सत्संगों के माध्यम से जनजागरण का कार्य किया और लोगों को स्वतंत्रता प्राप्ति के लिए प्रेरित किया। उन्होंने जीवनभर अहिंसा और अपरिग्रह के सिद्धांतों का पालन किया।

कटारिया ने स्मरण कराया कि आचार्य जवाहरलाल बालविवाहदहेज प्रथा और व्यसनाधीनता के खिलाफ तीव्र विरोध करते थे। उनके कार्यों की स्मृति में जारी की गई मुद्रा और डाक टिकट हमेशा लोगों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी।

इस अवसर पर जसकरण फाउंडेशन के विश्वस्त सिद्धांत बोथरा ने कार्यक्रम का प्रास्ताविक प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में राज्य के कौशल्य विकास मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ाराज्यपाल के सचिव डॉ. प्रशांत नारनवरेपोस्ट मास्टर जनरल अमिताभ सिंहजसकरण बोथरा फाउंडेशन के सिद्धार्थ बोथरा और अन्य गणमान्य उपस्थित थे।


No comments:

Post a Comment

Featured post

Lakshvedhi